What Is Entrepreneurship In Hindi

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Entrepreneurship In Hindi –  हेल्लो Engineers कैसे हो , उम्मीद है आप ठीक होगे और पढाई तो चंगा होगा आज जो शेयर करने वाले वो Entrepreneurship  के Definition   के बारे में हैं

तो यदि आप जानना चाहते हैं की Entrepreneurship In Hindi  क्या हैं तो आप इस पोस्ट को पूरा पढ़ सकते हैं , और अगर समझ आ जाये तो अपने दोस्तों से शेयर कर सकते हैं


Entrepreneurship In Hindi -जाने उद्यमिता क्या हैं हिंदी में

एक उद्यमी एक व्यक्ति है, जो एक कर्मचारी के रूप में काम करने के बजाय, उद्यम के सभी Risk को मानते हुए, एक छोटा व्यवसाय ढूंढता और चलाता है। उद्यमी किसी भी Economy में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ये वे लोग हैं जिनके पास Present और Future की जरूरतों का अनुमान लगाने के लिए आवश्यक कौशल और पहल है और बाजार में नए विचारों को लाना है।

Entrepreneurship In Hindi
Entrepreneurship In Hindi

What Is Entrepreneur by Patrick and Nadkarni

साहस या उद्यमिता से आशय समाज में नए उपक्रम स्थापित करने की सामान्य प्रवृत्ति से है |

What Is Entrepreneur by joseph schumpeter

एक विकसित अर्थव्यवस्था में उद्यमिता वह है जो अर्थव्यवस्था में नवीनता लाती जैसे उत्पादन में किसी नई विधि को अपनाना है , किसी ऐसी वस्तु का उत्पादन करना जिससे उपभोक्ता पहले से परिचित ना हो नहीं हो जयमाल कच्चे माल के नए साधनों का उपयोग करना और नए बाजारो की खोज करना इत्यादि |

What Is Entrepreneur by H N Pathak

उद्यमिता और व्यापक क्षेत्रों को सम्मिलित करती है जिनके संबंध में अनेक निर्णय लेने होते हैं इन निर्णयों को व्यापक रूप से निम्नलिखित तीन श्रेणियों में बांटा जा सकता है:-

1)  अवसर का ज्ञान करना |

2) औद्योगिक इकाई का संगठन करना |

3) औद्योगिक इकाई को एक लाभप्रद गतिशील एवं विकासशील संस्था के रूप में संचालित करना |

What Is Entrepreneur by FH French

उद्यमिता समाज की भावी आवश्यकताओं का पूर्वानुमान करने तथा संसाधनों के नवीन सृजनात्मक एवं कल्पनाशील संयोजनो के द्वारा इन आवश्यकताओं को सफलतापूर्वक पूरा करने का कार्य है |

यह परिभाषा पूर्णता प्रगतिशील तथा दृष्टिकोण अपनाती है यह समाज में नई नई आवश्यकताओं  उपयोगिता एवं मूल्यों के सृजन एवं संतुष्टि पर बल देती है |

What Is Entrepreneur by A.H. Cole 

उधमिता एक व्यक्ति अथवा व्यक्तियों के समूह की एक उद्देश्य पूर्ण क्रिया है इसमें निर्णय की एक एकीकृत श्रृंखला सम्मिलित होती है | यह आर्थिक वस्तुओं एवं सेवाओं की उत्पादन अथवा वितरण के लिए लाभप्रद इकाई का निर्माण संचालन एवं विकास करती है |

यह परिभाषा उद्यमशीलता की परंपरागत विचारधारा पर आधारित है सी व्यवसाय की स्थापना एवं विकास के संबंध में विभिन्न निर्णय लेने तथा उन्हें क्रिया करने की योग्यता है | उपरोक्त परिभाषा से स्पष्ट है कि विभिन्न विद्वानों ने विभिन्न एवं व्यापक अर्थों में परिभाषित किया है | इन परिभाषा को निम्नलिखित तीन श्रेणियों में प्रस्तुत किया जा सकता है :-

Views on Entrepreneurship In Hindi

1) प्राचीन मत (classical views ):-

उद्यमिता के प्राचीन अर्थ को प्रकट करने वाले विचारको  में मुख्य रूप से केन्टीलान , फ्रेंक नाईट , एडम स्मिथ , जे. बी, से  जे.एस मिल आदि सम्मिलित है | इस मत के अनुसार उद्यमिता निम्नलिखित तत्वों से संबंधित है :-

  • व्यवसाय की अनिश्चितता वाह जोखिम व जोखिम से वहन करता है |
  • उत्पादन के विभिन्न साधनों को एकत्रित एवं संगठित करने की योग्यता |
  • उत्पादन इकाई का नियंत्रण एवं निरीक्षण करने की योग्यता आदि |

इस प्रकार यह मत जोखिम वहन एवं व्यवसाय के परिवर्तन से संबंधित है |

2) नव -प्राचीन मत (Neo- classical views ):-

अल्फ्रेड मार्शल एवं  जोसेफ सुम्पीटर  के अनुसार उद्यमिता से आशय निम्नलिखित योग्यताओं से है :-

  • व्यवसाय के विभिन्न प्रबंधकीय प्रारंभिक के कार्यों जैसे :- योजना बनाना, संगठित करना, नियंत्रण आदि करने की योग्यता आदि |
  • व्यवसाय में नए-नए परिवर्तन करते रहने की योग्यता आदि |

यद्यपि यह मत भी प्राचीन मत पर ही आधारित है किंतु इसमें पूंजीपति एवं साहसी में स्पष्ट भेद किया गया है यह मत विकासशील अर्थव्यवस्थाओं में लागू होता है |

3 ) आधुनिक मत (Modern views ):-

उधमिता  का आधुनिक अर्थ बताने वाले में जे. ई. स्टेपने , पीटर किलबाई , हिगिन्स , रॉबर्ट लैम्ब आदि प्रमुख है | यह मत विकासशील एवं विकसित राष्ट्रों पर लागू होता है | आधुनिक अर्थ में उद्यमिता व्यवसाय को समाज एवं वातावरण से जोड़ती है |  अतः यह व्यवसाय में  नवीन परिवर्तनों एवं अवसरों की खोज करने, सामाजिक मूल्यों के संदर्भ में निर्णय लेने, सामाजिक नवप्रवर्तन (social  innovation )करने तथा व्यवसाय गतिशील नेतृत्व प्रदान करने की योग्यता है |

स्पष्ट है कि आधुनिक विचारक उद्यमिता को एक व्यवहारिक दृष्टिकोण से देखते हैं तथापि जोखिम वहन करने एवं नए – नए  उपक्रमों का परिवर्तन करने की योग्यता को उद्यमिता का आधारभूत तत्व ही माना जाता है |


Final Word of Entrepreneurship In Hindi

दोस्तों इस पोस्ट को पूरा पढने के बाद आप तो ये समझ गये होंगे की Entrepreneurship In Hindi और आपको जरुर पसंद आई होगी , मैं हमेशा यही कोशिस करता हु की आपको सरल भासा में समझा सकू , शायद आप इसे समझ गये होंगे इस पोस्ट में मैंने सभी Topics को Cover किया हूँ ताकि आपको किसी और पोस्ट को पढने की जरूरत ना हो , यदि इस पोस्ट से आपकी हेल्प हुई होगी तो अपने दोस्तों से शेयर कर सकते हैं|

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