CSS In Hindi – जाने CSS के बारे में पूरी जानकारी

CSS In Hindi
CSS In Hindi

CSS In Hindi


CSS In Hindi –  हेल्लो Engineers कैसे हो , उम्मीद है आप ठीक होगे और पढाई तो चंगा होगा आज जो शेयर करने वाले वो Computer Network के CSS In Hindi के बारे में हैं

तो यदि आप जानना चाहते हैं की CSS In Hindi  के बारे में तो आप इस पोस्ट को पूरा पढ़ सकते हैं , और अगर समझ आ जाये तो अपने दोस्तों से शेयर कर सकते हैं


CSS In Hindi

Cascading Style Sheet CSS एक language हैं जिससे हम किसी HTML Document या  web page को एक Attractive रूप दे सकते हैं।

HTML से हम किसी वेबपेज को आकार देते हैं या उसे Design करते हैं, वहीं Cascading Style Sheet से हम उस पेज को एक Attractive रूप देते हैं अर्थात हम उस web page को colored बना सकते हैं और elements को अच्छे से structure fome में display करवा सकते हैं।

CSS की full form Cascading Style Sheet है।

  • HTML की तरह CSS को लिखने के लिए भी हमें एक text editor (जैसे notepad, या notepad ++) की जरूरत होती हैं

CSS की सहायता से हम अपना काफी समय बचा सकते है, जब हम किसी web page को डिज़ाइन करते हैं तो हम Cascading Style Sheet को describe करते हैं,

जब हम CSS को एक बार define कर देते हैं तो हमे CSS का code बार- बार नहीं लिखना पड़ेगा, हम एक ही Cascading Style Sheet file से बाकी सब web page को connect कर सकते हैं।


CSS Syntax In Hindi

Cascading Style Sheet का syntax कुछ इस प्रकार है:, Syntax को समझने के लिए हम example को देख लेते हैं।

उदहारण के लिए आपके पास h1 tag यानि header tag है। अब आपको Header tag H1 को Cascading Style Sheet की सहायता से कलर करना हैं तब आप ऐसे प्रोग्राम लिखेंगे:-

Program:

<!DOCTYPE html>
<html>
<head>
<style>
h1{
color: red;
font-size: 40px;
}

</style>
<title>CSS Syntax</title>
</head>
<body>

<h1>This is header </h1>

</body>
</html>

OutPut:-


Types Of CSS In Hindi

CSS के तीन types हैं। यानि इसको तीन तरह से HTML elements में डाला जा सकता है। जो इस प्रकार हैं:

  • Inline CSS
  • Internal CSS
  • External CSS

1. Inline CSS In Hindi

जब हम किसी HTML tag के अंदर ही CSS लिखते हैं तो उसे Inline Cascading Style Sheet (CSS) कहते हैं।

इस तरीके में Cascading Style Sheet (CSS)की Properties “style” attribute के अंदर लिखी जाती हैं।

Inline CSS का प्रयोग हर  html element को एक एक करके unique style में change किया जाता है।<html>

<head>
<title>Inline CSS Demo</title>
</head>

<body style=”background-color:red”>
<p>This is inline CSS Demo</p>
</body>

</html>


2. Internal CSS In Hindi

इस तरीके में CSS किसी HTML पेज में ही लिखते हैं जिसका effect भी केवल उसी पेज पर पड़ता हैं।

इस तरीके में  Cascading Style Sheet (CSS) style tags के अंदर लिखते हैं तथा style tags head tags के अंदर रहते हैं।

<html>
<head>
<title>Internal Style Demo</title>
<style>
body{
background-color:red;
}
</style>
</head>
<body>
<p>This is internal style sheet</p>
</body>
</html>


3. External CSS In Hindi

इस तरीके में हम एक अलग CSS file बनाते हैं। और उसे html file में link करते हैं। उदाहरण के लिए अगर हमारे पास basic.html नाम की फाईल हैं और उसकी CSS की एक अलग style.css नाम की फाइल हैं।

<html>
<head>
<title>External Style Demo</title>
<link rel=”stylesheet” type=”text/css” href=”Classdemo.css”>
</head>
<body>
<p> This is external stylesheet</p>
</body>
</html>

CSS File – Classdemo.css

body{
background-color:blue;
}


Features Of CSS In Hindi

1. Cascading Style Sheet Animations and Transitions

CSS में, आप Animation और Transition का use कर सकते और अपने web page को सुंदर और Attractive बना सकते हैं।


2. Save Your Time With Cascading Style Sheet

CSS का सबसे बड़ी features यह है कि Cascading Style Sheet का Use करके आप बहुत Time बचा सकते हैं।

आप एक बार CSS Codes को लिखते हैं, और उन्हे कई बार Apply कर सकते हैं.

आप एक Stylesheet को Multiple Webpages पर Apply कर सकते हैं. आपको प्रत्येक नय HTML Document के लिए CSS Codes लिखने की जरूरत नहीं हैं.


3. Increase Page Speed

एक HTML Document में बहुत सारे Elements होते हैं. जिनके लिए हमें अलग-अलग Style Rules Set करने पडते हैं.

और कभी कभी तो इनकी codes की संख्या बहुत हो जाती हैं जिससे web pages का size बढ़ जाता हैं,

CSS की Help से केवल एक Stylesheet में ही सभी Elements के लिए Style Rules Set कर दिए जाते हैं. जिससे Extra HTML हट जाती हैं. और पेज का size कम हो जाता हैं और इस कारण Page Fast Load होता हैं.


4. Easy Maintenance

आप पूरी Website के लिए सिर्फ एक Style Sheet में CSS Rules Set कर सकते हैं. इसलिए हमे एक File को Manage करने में कोई परेशानी नही आती हैं.

एक files होने के कारण हमे एक ही जगह पर codes को changes करना पड़ता हैं और पुरे website में changes हो जाता हैं


 5. Bandwidth की बचत

एक high traffic website के लिए bandwidth काफी मायने रखती है। अगर आप page के layout के लिए table की जगह css का उपयोग करेंगे तो इससे उस file आकार में 50% तक कमी आयेगी।


Final Word Cascading Style Sheet In Hindi

दोस्तों इस पोस्ट को पूरा पढने के बाद आप तो ये समझ गये होंगे की CSS In Hindi और आपको जरुर पसंद आई होगी, मैं हमेशा यही कोशिस करता हु की आपको सरल भासा में समझा सकू, शायद आप इसे समझ गये होंगे इस पोस्ट में मैंने सभी Topics को Cover किया हूँ ताकि आपको किसी और पोस्ट को पढने की जरूरत ना हो, यदि इस पोस्ट से आपकी हेल्प हुई होगी तो अपने दोस्तों से शेयर कर सकते हैं

1 Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*